आजमगढ़ मंडल ब्यूरो हेड रामनरायन राय उर्फ बबलू राय की खास रिपोर्ट
कलम के योद्धाओं को मिला सम्मान, हिंदी पत्रकारिता दिवस पर गूंजा पत्रकारों के सम्मान का संदेश
जो सत्ता से सवाल करे, जो समाज को आईना दिखाए,
जो सच की खातिर हर चुनौती से टकराए,
ऐसे कलम के सिपाहियों को सम्मानित करने का अवसर बना हिंदी पत्रकारिता दिवस।”*
लाटघाट (आजमगढ़)। लोकतंत्र के चौथे स्तंभ कहे जाने वाले पत्रकारों के सम्मान और उनके योगदान को नमन करने के लिए हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर सगड़ी तहसील क्षेत्र के जोकहरा लाटघाट स्थित पं० नगीना ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट परिसर में एक भव्य पत्रकार सम्मान समारोह एवं संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के वरिष्ठ भाजपा नेता मनीष कुमार मिश्रा उर्फ पिंटू मिश्रा ने पत्रकारों को सम्मानित कर उनके प्रति समाज की कृतज्ञता व्यक्त की।
समारोह में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, प्रिंट मीडिया एवं सोशल मीडिया से जुड़े लगभग 50 से 60 पत्रकारों ने सहभागिता की। कार्यक्रम का वातावरण सम्मान, संवाद और पत्रकारिता के प्रति समर्पण की भावना से ओतप्रोत रहा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ पत्रकार आनंद प्रकाश तिवारी ने की। दीप प्रज्ज्वलन एवं मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। अपने अध्यक्षीय संबोधन में उन्होंने कहा कि पत्रकारिता केवल समाचारों का संकलन नहीं, बल्कि समाज के प्रति एक महत्वपूर्ण दायित्व है। पत्रकार का धर्म है कि वह निष्पक्षता, सत्य और जनहित को सर्वोपरि रखते हुए समाज को सही दिशा प्रदान करे।
संगोष्ठी के दौरान वरिष्ठ पत्रकार जीत बहादुर लाल श्रीवास्तव, सुधीर सिंह, भास्कर सिंह उर्फ रिंकू सिंह, नवीन राय, वीर सिंह, शरद चंद्र मिश्रा, वरुण सिंह एवं तेज प्रताप श्रीवास्तव ने पत्रकारिता के बदलते स्वरूप, डिजिटल युग की चुनौतियों, फेक न्यूज के बढ़ते खतरे तथा पत्रकारों की सामाजिक जिम्मेदारियों पर अपने विचार व्यक्त किए। वहीं युवा पत्रकार आनंद गोंड, फहद खान, शुभम सिंह एवं आदर्श श्रीवास्तव ने नई पीढ़ी की पत्रकारिता और उसकी संभावनाओं पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम का सबसे प्रेरणादायी और भावुक क्षण तब आया जब वरिष्ठ भाजपा नेता मनीष कुमार मिश्रा ने मंच पर उपस्थित सभी पत्रकारों को अंगवस्त्रम एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया। सम्मान प्राप्त करते समय पत्रकारों के चेहरों पर दिखाई दे रही प्रसन्नता और आत्मीयता ने पूरे समारोह को यादगार बना दिया।
अपने संबोधन में मनीष कुमार मिश्रा ने कहा कि “पत्रकार समाज का आईना हैं। वे जनता की आवाज को शासन-प्रशासन तक पहुंचाने का कार्य करते हैं। लोकतंत्र को जीवंत और मजबूत बनाए रखने में पत्रकारों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। पत्रकार हर परिस्थिति में जनहित के मुद्दों को उठाकर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाते हैं। ऐसे कलमवीरों का सम्मान करना हम सभी का नैतिक कर्तव्य है।”
उन्होंने कहा कि पत्रकार केवल घटनाओं का वर्णन नहीं करते, बल्कि समाज की दिशा और दशा तय करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसलिए हिंदी पत्रकारिता दिवस जैसे अवसर हमें उन लोगों के योगदान को याद करने का अवसर देते हैं जो दिन-रात मेहनत कर समाज को जागरूक बनाने का कार्य करते हैं।
कार्यक्रम का कुशल संचालन ज्ञानेंद्र मिश्रा ने किया। अंत में उपस्थित पत्रकारों ने इस सम्मान समारोह को पत्रकारों के मनोबल को बढ़ाने वाला एवं समाज में पत्रकारिता के महत्व को रेखांकित करने वाला आयोजन बताते हुए मनीष कुमार मिश्रा की इस पहल की मुक्त कंठ से सराहना की।
यह आयोजन केवल सम्मान का कार्यक्रम नहीं था, बल्कि पत्रकारिता की गरिमा, सामाजिक सरोकारों और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति सम्मान व्यक्त करने का एक सशक्त संदेश भी था। हिंदी पत्रकारिता दिवस पर आयोजित यह समारोह लंबे समय तक क्षेत्र के पत्रकारों और समाज के लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा।




