आपकी चुप्पी बन सकती हैं समाज के लिए घातक राष्ट्रवादी मंच की चौपालमें बोले मनोज श्रीवास्तव,बढ़ते भ्रष्टाचार पर जताई चिंता

POLITICS

संवाद दाता:-सिद्धांत बच्चन 

मिर्जापुर। समाज को उसके अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से नगर के बथुआ स्थित भैरों बाबा मंदिर परिसर में राष्ट्रवादी मंच द्वारा चौपाल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और मंच के पदाधिकारियों ने भाग लिया। चौपाल का मुख्य उद्देश्य समाज में बढ़ते भ्रष्टाचार . नैतिक गिरावट और नागरिकों की निष्क्रियता पर मंथन करना रहा।चौपाल को संबोधित करते हुए राष्ट्रवादी मंच के अध्यक्ष मनोज श्रीवास्तव ने कहा कि देश में कानून और संविधान के दायरे में रहकर अपने अधिकारों की मांग करना हर नागरिक का मौलिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि समाज में हो रही गलत घटनाओं पर चुप्पी साध लेना आने वाले समय में और भी गंभीर परिणाम ला सकता है। “आपकी चुप्पी समाज के लिए घातक हो सकती है,” यह कहते हुए उन्होंने बढ़ते भ्रष्टाचार के लिए समाज की उदासीनता को भी जिम्मेदार ठहराया।मनोज श्रीवास्तव ने कहा कि जब अनैतिक और अपराध करने वाले तत्वों के खिलाफ समय रहते आवाज नहीं उठाई जाती, तो उनका मनोबल बढ़ता है। वहीं, यदि समाज एकजुट होकर समय पर जवाब दे, तो ऐसे तत्वों को पीछे हटना पड़ता है। उन्होंने जिले में बढ़ते अन्याय . अत्याचार और भ्रष्टाचार को सज्जन शक्तियों की चुप्पी का परिणाम बताया और कहा कि यही चुप्पी समाज के पतन का मुख्य कारण बनती जा रही है।उन्होंने मोहल्ला स्तर पर जागरूकता बढ़ाने, आपसी सहयोग मजबूत करने और सामाजिक एकता पर विशेष जोर दिया। उन्होंने आह्वान किया कि लोग केवल प्रशासन की ओर देखने के बजाय स्वयं भी जिम्मेदार नागरिक की भूमिका निभाएं और गलत के खिलाफ खड़े हों।कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व सभासद विंध्यवासिनी सिंह पटेल ने की। उन्होंने भी समाज में नैतिक मूल्यों को मजबूत करने और युवाओं को सही दिशा देने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।इस अवसर पर शीतल साहू, भोला सोनकर, प्रमोद श्रीवास्तव, भानु प्रताप सिंह, मनोज प्रजापति, मंच के नगर अध्यक्ष आनंद अग्रवाल, जिला महामंत्री अनिल गुप्ता, दीपक श्रीवास्तव, मनोज दमकल, अमरदीप वर्मा, संदीप सोनकर हीरालाल जायसवाल, राजेश सिन्हा, दीपक गुप्ता, रामचंद्र साहू, बबलू यादव सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम में समाज में जागरूकता फैलाने और ऐसे चौपाल कार्यक्रमों को निरंतर आयोजित करने का संकल्प लिया गया।