प्रयागराज में सरेआम उमेश पाल की हत्या करने के बाद माफिया अतीक का बेटा असद, शूटर मुस्लिम गुड्डू और साबिर मेरठ आए थे। शूटरों को संरक्षण देने के मामले में शनिवार देर रात मेरठ के नौचंदी थाना इलाके से एसटीएफ ने अतीक के बहनोई डॉ. अखलाक को गिरफ्तार किया है। बता दें कि उमेश पाल की हत्या के मामले में शूटर असद, मुस्लिम गुड्डू, अरमान गुलाम और साबिर फरार चल रहे हैं। एसटीएफ की जांच में सामने आया कि अतीक की बहन और बहनोई मेरठ के भवानी नगर में रहते हैं। अतीक के बहनोई की पोस्टिंग अब्दुल्लापुर सीएचसी में है।
जांच में यह भी सामने आया कि उमेश पाल की हत्या के बाद दो शूटर डॉक्टर अखलाक के घर आए थे। इससे पहले अक्सर शूटर अखलाक के घर रुकते रहते थे। एसपी एसटीएफ बृजेश सिंह का कहना है कि पूरी छानबीन के बाद देर रात एसटीएफ ने दबिश देकर डॉ अखलाक को गिरफ्तार कर लिया और थाने लाकर घंटों पूछताछ की। कई अहम जानकारियां हाथ लगने के बाद एसटीएफ की टीम डॉक्टर को अपने साथ लेकर प्रयागराज रवाना हो गई।
जयपुर: बम ब्लास्ट में 71 मौतें और 185 घायल, 1293 लोगों की गवाही, फिर हाईकोर्ट से कैसे बरी हुए आरोपी?
उधर, उमेश पाल हत्याकांड में शाइस्ता परवीन की अग्रिम जमानत और उसके दोनों नाबालिग बेटों के मामले में दाखिल अर्जी पर शनिवार को सुनवाई नहीं हो सकी। अब यह सुनवाई चार अप्रैल को होगी। शनिवार को अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने की वजह से दोनों ही मामलों में सुनवाई के लिए तिथि आगे बढ़ा दी गई है। शाइस्ता ने अपने दोनों नाबालिग बेटों को पुलिस द्वारा उठाए जाने के मामले में सीजीएम कोर्ट में अर्जी दाखिल की थी।पुलिस ने बताया कि दोनों बच्चों को राजरूपपुर स्थित बाल संरक्षण गृह में रखा गया है। इस पर कोर्ट ने शाइस्ता के अधिवक्ताओं ने भौतिक सत्यापन के लिए कहा है। भौतिक सत्यापन के बाद वह अपनी रिपोर्ट सीजीएम कोर्ट को देंगे। जबकि, उमेश पाल हत्याकांड में शाइस्ता नामजद आरोपी हैं। इसलिए उन्होंने अपनी अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दाखिल कर रखी है।




