बाराबंकी: उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में नहर में दो गंगा डॉल्फिन दिखने से हड़कंप मच गया. डॉल्फिन को देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ मौके पर जमा हो गई. वहीं सूचना मिलते ही वन विभाग और टर्टल सर्वाइवल एलायंस यानी TSA की टीम ने मिलकर रेस्क्यू अभियान चलाया और घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद नर डॉल्फिन को नहर से रेस्क्यू करके सरयू नदी में छोड़ दिया गया. हालांकि अभी दूसरी डॉल्फिन रेस्क्यू नहीं हो सकी है. बता दें कि गंगा डॉल्फिन मीठे पानी में रहने वाली दृष्टिहीन होती है. साल 2009 में इसे देश का राष्ट्रीय जलीय जीव घोषित किया गया था.

यह पूरा मामला बाराबंकी जिले में देवा थाना क्षेत्र के मित्तई से गुजरी डबल शारदा नहर का है, जहां दो गंगा डॉल्फिन देखे जाने पर हड़कंप मच गया. लोगों की भीड़ लगने के बाद आनन-फानन में वन विभाग को इसकी सूचना दी गई. डीएफओ रुस्तम परवेज की ओर से तत्काल निगरानी कराने के साथ ही टीएसए की लखनऊ यूनिट को इसकी जानकारी दी गई. इस पर टीएसए के एक्सपर्ट डॉ. शैलेंद्र सिंह और अरुणिमा के साथ टीम ने मौके पर पहुंचकर करीब छह घंटे की मेहनत के बाद नर डॉल्फिन को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। वहीं दूसरी डॉल्फिन नहर के तेज बहाव के चलते आगे निकल गई, जिसके रेस्क्यू में अभी भी टीम लगी हुई है. वहीं इस बीच निकाली गई डॉल्फिन को सरयू नदी में छोड़ दिया गया.वहीं इस दुर्लभ प्रजाति गंगेज डॉल्फिन देखने के लिए मौके पर लोगों की काफी भारी भीड़ जमा गई और लोग अपने मोबाइल में डॉल्फिन की वीडियो तस्वीरें लेते नजर आए. बाराबंकी के डीएफओ रुस्तम परवेज ने बताया कि बिना किसी नुकसान पहुंचाए नर डॉल्फिन को नहर से सुरक्षित रेस्क्यू कर रामनगर स्थित सरयू नदी में छोड़ा गया. वहीं दूसरी डॉल्फिन को पकड़ने के लिए टीम रेस्क्यू कर रही है. साथ ही वन विभाग ने डॉल्फिन की निगरानी के लिये टीम को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं.




